फसलों की बुआई से पहले खेत की मिट्टी को सही ढंग से तैयार करना आवश्यक होता है, जिसके लिए आजकल विभिन्न प्रकार के आधुनिक कृषि यंत्र उपलब्ध हैं।
इन्हीं यंत्रों में से एक महत्वपूर्ण उपकरण सब सॉइलर है, जिसकी सहायता से किसान खेत की गहरी जुताई कर सकते हैं। यह न केवल मिट्टी को गहराई तक भुरभुरा बनाता है, बल्कि जल निकासी की समस्या का भी समाधान करता है।
वर्तमान में बाजार में कई कंपनियों द्वारा विभिन्न मॉडल के सब सॉइलर उपलब्ध हैं, जिन्हें किसान अपनी आवश्यकताओं के अनुसार चुन सकते हैं।
ट्रैक्टर माउंटेड सब सॉइलर उच्च गुणवत्ता वाले कार्बन स्टील से निर्मित होता है, जिसमें बीम और बीम सपोर्ट होते हैं। इस उपकरण में हॉलो स्टील अडॉप्टर होता है, जो बीम के निचले छोर से जुड़ता है और स्क्वायर सेक्शन शेयर बेस को समायोजित करता है।
इसके अतिरिक्त, इसमें शेयर प्लेट और शेंक भी होते हैं, जो मिट्टी की कठोर सतह को तोड़ने में सहायक होते हैं।
इस उपकरण को ट्रैक्टर के 3-पॉइंट लिंकेज और हाइड्रोलिक सिस्टम की मदद से संचालित किया जाता है, जिससे इसकी कार्यक्षमता बढ़ जाती है।
- लंबाई: लगभग 600 मिमी
- चौड़ाई: लगभग 490 मिमी
- ऊँचाई: लगभग 1325 मिमी
- वजन: 62 किलोग्राम तक
- कार्य गहराई: अधिकतम 535 मिमी
- ट्रैक्टर क्षमता: न्यूनतम 55 हॉर्स पावर (41.25 किलोवॉट) या उससे अधिक
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इस कृषि यंत्र की अनुमानित कीमत लगभग 20,000 रुपये है। इसके अतिरिक्त, सरकार द्वारा इस पर अनुदान भी दिया जाता है, जिससे किसानों को इसे खरीदने में आर्थिक सहायता मिलती है।
भारत सरकार द्वारा "सब मिशन ऑन एग्रीकल्चर मैकेनाइज़ेशन (SMAM)" योजना के तहत किसानों को सब्सिडी दी जाती है।
- अनुसूचित जाति, जनजाति, लघु, सीमांत एवं महिला किसानों को 50% तक की सब्सिडी मिलती है।
- अन्य श्रेणी के किसानों को 40% तक की सब्सिडी प्रदान की जाती है।
- कुछ राज्यों में यह सब्सिडी 40% से 80% तक हो सकती है, जो अलग-अलग योजनाओं के तहत दी जाती है।
किसान इस सब्सिडी का लाभ उठाकर अधिक किफायती दर पर सब सॉइलर खरीद सकते हैं।
इस प्रकार, सब सॉइलर कृषि यंत्र खेतों की उन्नत जुताई के लिए एक प्रभावी उपकरण है, जो किसानों को अधिक उपज प्राप्त करने में मदद करता है।